ऊष्मागतिकी के नियम - शून्यवाँ से द्वितीय नियम तक - ऑनलाइन प्रैक्टिस क्विज़

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ऊष्मागतिकी के नियम - शून्यवाँ से द्वितीय नियम तक - ऑनलाइन प्रैक्टिस क्विज़

ऊष्मा और ऊर्जा के संबंध का अध्ययन ऊष्मागतिकी। शून्यवाँ तापमान, प्रथम ऊर्जा संरक्षण, द्वितीय एंट्रॉपी।

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💡 व्याख्या

ऊष्मा और ऊर्जा के संबंध का अध्ययन ऊष्मागतिकी। शून्यवाँ तापमान, प्रथम ऊर्जा संरक्षण, द्वितीय एंट्रॉपी। ऊष्मागतिकी के नियम ब्रह्मांड की कार्यप्रणाली को समझाते हैं। प्रथम नियम ऊर्जा की मात्रा और द्वितीय नियम ऊर्जा की दिशा को निर्धारित करता है।

1. ऊष्मागतिकी

ऊष्मा तापमान आंतरिक ऊर्जा कार्य संबंध। निकाय परिवेश सीमा। निकाय वह भाग है जिसका अध्ययन करते हैं और परिवेश उसके चारों ओर का भाग है। खुला निकाय में ऊर्जा और द्रव्यमान दोनों का आदान-प्रदान होता है, बंद में केवल ऊर्जा का और पृथक में कोई आदान-प्रदान नहीं होता।

2. शून्यवाँ नियम

A=C B=C तो A=B। तापमान परिभाषा। थर्मामीटर आधार। शून्यवाँ नियम कहता है कि यदि दो निकाय तीसरे निकाय के साथ तापीय साम्य में हैं तो दोनों आपस में भी साम्य में होंगे। यह नियम तापमान की अवधारणा को परिभाषित करता है और थर्मामीटर इसी पर कार्य करता है।

3. प्रथम नियम

Q = ΔU + W। ऊर्जा संरक्षण। प्रथम नियम के अनुसार निकाय को दी गई ऊष्मा Q का एक भाग आंतरिक ऊर्जा ΔU बढ़ाने में और शेष भाग कार्य W करने में उपयोग होता है। यह ऊर्जा संरक्षण का सिद्धांत है। सतत गति मशीन इसी नियम से असंभव है।

4. आंतरिक ऊर्जा

अणु गतिज+स्थितिज योग। अवस्था फलन। आदर्श गैस में केवल T। आंतरिक ऊर्जा निकाय के सभी अणुओं की गतिज और स्थितिज ऊर्जा का योग है। यह अवस्था फलन है जो केवल प्रारंभ और अंतिम अवस्था पर निर्भर करता है, मार्ग पर नहीं। आदर्श गैस में आंतरिक ऊर्जा केवल तापमान पर निर्भर होती है।

5. द्वितीय नियम

केल्विन-प्लांक 100% असंभव। क्लासियस ठंडे से गर्म नहीं। एंट्रॉपी ΔS=Q/T बढ़ती। केल्विन-प्लांक कथन के अनुसार एकल स्रोत से ऊष्मा लेकर बिना कोई प्रभाव छोड़े पूर्ण कार्य नहीं किया जा सकता। क्लासियस कथन के अनुसार ऊष्मा स्वयं ठंडे से गर्म वस्तु की ओर नहीं जाती। एंट्रॉपी हमेशा बढ़ती है या स्थिर रहती है।

6. ऊष्मा इंजन और प्रशीतक

इंजन n=1-Q2/Q1। प्रशीतक COP=Q2/W फ्रिज एसी। ऊष्मा इंजन की दक्षता η = 1 - Q2/Q1 होती है जहाँ Q1 स्रोत से ली गई और Q2 अभिगम को दी गई ऊष्मा है। प्रशीतक का निष्पादन गुणांक COP = Q2/W होता है। फ्रिज और AC प्रशीतक के उदाहरण हैं।

7. उपयोग और तुलना

इंजन फ्रिज एसी रासायनिक मौसम।

बिंदु प्रथम द्वितीय
कथन संरक्षण दिशा
एंट्रॉपी नहीं बढ़ती
दक्षता 100% नहीं रोकता 100% असंभव

🔑 मुख्य तथ्य (Key Facts)

  • ●ऊष्मागतिकी ऊष्मा तापमान ऊर्जा कार्य।
  • ●शून्यवाँ A=C B=C तो A=B थर्मामीटर।
  • ●प्रथम Q=ΔU+W संरक्षण।
  • ●आंतरिक अणु गतिज स्थितिज अवस्था फलन।
  • ●द्वितीय 100% असंभव एंट्रॉपी बढ़ती।
  • ●इंजन n=1-Q2/Q1 प्रशीतक COP।
  • ●प्रथम हिसाब द्वितीय दिशा।

📝 परीक्षा बिंदु (Exam Points)

  • ✓ऊष्मागतिकी परिभाषा निकाय।
  • ✓शून्यवाँ कथन थर्मामीटर।
  • ✓प्रथम Q=ΔU+W चिन्ह।
  • ✓आंतरिक ऊर्जा अवस्था फलन।
  • ✓द्वितीय दोनों कथन एंट्रॉपी।
  • ✓इंजन दक्षता प्रशीतक COP।
  • ✓उपयोग तुलना तालिका।

⚡ त्वरित पुनरावृत्ति (Quick Revision)

  • ➤ऊष्मागतिकी ऊष्मा तापमान ऊर्जा।
  • ➤शून्यवाँ तापमान थर्मामीटर।
  • ➤प्रथम Q=ΔU+W।
  • ➤आंतरिक अवस्था फलन।
  • ➤द्वितीय एंट्रॉपी बढ़ती 100% नहीं।
  • ➤इंजन n प्रशीतक COP।